Emotional Farewell Tribute Poem
सात दिवस,
जाने सात पल मां बीती गया।
आंखों हजी भराई न हती।
नि विदाई नी
घड़ी आवी गई।
पण मौला ने अलविदा केम कहिए?
जे दिल मां वसेला होए,
हे क्या कधी दूर जाए।
मौला!
अलविदा कहेवा तू नथी।
अलविदा सहवा तू नथी।
अलविदा केम कहूं मौला दिल
माने जे नहीं।
तमे दूर जशो आंखों थी दिल थी
दूर नहीं। आंख लड़ी रोई ने पूछे
फरी क्यारे मलशो तमे। मारा शाह
रहीम मौला दिल मां वसेला छो तमे।
मारा शाह रहीम मौला दिल मां वसेला
छो तमे।
जे राहों तमाने
ज्योति हती।
ए राहों
आज उदास थशे।
जे आंखों दीदार थी
हरखी।
ए आंखों तमने याद
करशे।
जे आंगन मौला
हरख्यूं हतु।
ते आंगन यादों थी भरशे।
तमे पधार्या ए हर एक पल।
है यू जीवन भर संभालशे।
पधरामणी पूरी थई भले।
प्रेम कधी पुरू था ये नहीं।
तमे दूर जशो आंखों थी दिल थी
दूर नहीं।
अलविदा केम कहूं मौला दिल माने
जे नहीं। तमे दूर जशो आंखों
थी दिल थी दूर नहीं। आंख लड़ी रोई
ने पूछे फरी क्यारे मलशो तमे।
मारा शाह रहीम मौला दिल मां वसेला छो
तमे।
क्यांक ढोल वाग्या। क्यांक फूल
खिल्या। क्यांक हरखना आंसू
वहता हता।
क्यांक वर्षा दे
राह भिंजावी। तोय मुरीदो
राह जोता हता।
दीदार नी
ए रुढ़ी घड़ी मां।
दुनिया जाने थमे गई।
एक नजर
मौला ने पड़ता।
वर्षों नी प्यास बुझी गई।
ए पल कधी
विसराए नहीं।
ए
नूर कधी
ओसराए नहीं।
दीदार आंखों थी दूर
थाय। पण दिल मां थी
कधी जाए नहीं।
भारत ना कोने कोने
मौला। तमरो प्रेम
छलकाई गयो।
नाना मोटा सोना हैया
मां। एक ज रंग रंगाई
गयो।
दूर देश थी जमात आवी।
एक झलक नी आश लई।
कोई दुआ।
कोई शुकराना।
कोई आंख मां
आंसू लई।
भाषा जुदी।
देश जुदा।
पण धड़कन एक ज रही।
एक जमात ने
एक इमाम ए।
ए प्रीत अमर ज रही।
हवे फरमान साथे रहेशे।
जीवन नी राह बताववा।
दुआ बंदगी
साथे रहेशे। अंतर ने
शांत बनाववा।
दीदार नी याद साथे रहेशे। दुख मां हिम्मत
आपवा। मौला नो प्रेम साथे रहेशे।
जीवन नी महे गाववा।
शरीर थी दूरी होए भले।
रूह नो नातो टूटे नहीं। मारा
शाह रहीम मौला दिल थी तमे कधी दूर
नहीं। अलविदा केम कहूं मौला दिल
माने जे नहीं। तमे दूर जशो
आंखों थी दिल थी दूर नहीं। आंख लड़ी
रोई ने पूछे फरी क्यारे मलशो तमे।
मारा शाह रहीम मौला।
रूह नो नातो टूटे नहीं।
मारा शाह रहीम मौला।
दिल थी तमे
कधी दूर नहीं।
End of transcript · 403 words